खूंटी, 8 जनवरी 2026: खूंटी जिले में बुधवार (7 जनवरी) की देर शाम एक दिल दहला देने वाली घटना में अज्ञात अपराधियों ने प्रमुख आदिवासी नेता और ‘पड़हा राजा’ सोमा मुंडा की गोली मारकर हत्या कर दी। इस घटना के बाद से पूरे खूंटी जिले में तनाव और शोक का माहौल है। आज (गुरुवार) विभिन्न आदिवासी संगठनों ने इस हत्याकांड के विरोध में खूंटी बंद का आह्वान किया, जिसका व्यापक असर देखा गया।
घटना का विवरण: जानकारी के मुताबिक, सोमा मुंडा (जो 22 गांवों के पारंपरिक प्रधान या ‘आदेल सांगा पड़हा राजा’ थे) बुधवार शाम अपनी पत्नी के साथ मोटरसाइकिल से अपने पैतृक गांव चलागी लौट रहे थे। इसी दौरान नामकुम-जमुआदाग मुख्य सड़क पर तालाब के पास घात लगाए अज्ञात हमलावरों ने उन पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। सीने में गोली लगने से उनकी मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनकी पत्नी इस हमले में बाल-बाल बच गईं।
कौन थे सोमा मुंडा?
पद: वे आदेल सांगा पड़हा के राजा थे और आदिवासी समाज की पारंपरिक स्वशासन व्यवस्था में एक मजबूत स्तंभ माने जाते थे।
शिक्षक और आंदोलनकारी: सोमा मुंडा पेशे से एक शिक्षक थे (बिरसा हाई स्कूल, चलागी के संचालक) और झारखंड आंदोलनकारी भी रहे हैं।
राजनीतिक सफर: उन्होंने 2024 के विधानसभा चुनाव में खूंटी सीट से ‘अबुआ झारखंड पार्टी’ के उम्मीदवार के रूप में चुनाव भी लड़ा था।
हत्या के बाद खूंटी में उबाल: सोमा मुंडा की हत्या की खबर फैलते ही आदिवासी समाज में आक्रोश फैल गया।
सड़क जाम और प्रदर्शन: आज सुबह से ही हजारों की संख्या में समर्थकों ने खूंटी के भगत सिंह चौक और सिमडेगा-रांची मुख्य मार्ग को जाम कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने टायर जलाकर विरोध जताया, जिससे यातायात पूरी तरह ठप रहा।
मांगें: आदिवासी संगठनों ने प्रशासन के सामने 5 प्रमुख मांगें रखी हैं:
हत्यारों की 24 घंटे के भीतर गिरफ्तारी।
मामले की उच्च स्तरीय (CBI) जांच।
पीड़ित परिवार को 5 करोड़ रुपये का मुआवजा।
परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी।
सोमा मुंडा को ‘शहीद’ का दर्जा दिया जाए।
प्रशासन और नेताओं की प्रतिक्रिया: खूंटी की उपायुक्त (DC) और पुलिस अधीक्षक (SP) ने घटनास्थल और प्रदर्शन स्थल पर पहुंचकर लोगों को शांत कराया और निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया। पूर्व केंद्रीय मंत्री और पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा ने भी पीड़ित परिवार से मुलाकात कर अपनी संवेदना व्यक्त की और इसे कानून-व्यवस्था की विफलता बताया।
फिलहाल पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और दावा किया है कि जल्द ही अपराधियों को पकड़ लिया जाएगा। अंतिम संस्कार के लिए उनके शव को उनके पैतृक गांव ले जाया गया है।
